March 18, 2026

चारधाम यात्रा : दुकानों के आवंटन को लेकर व्यापारियों में भारी आक्रोश, उठाया ये कदम

0
rudrprayag-shopkeepar-strike.jpg

रुद्रप्रयाग जिले में गौरीकुंड–केदारनाथ पैदल मार्ग पर कच्ची दुकानों के आवंटन को लेकर विवाद गहरा गया है। निविदा प्रक्रिया को निरस्त न किए जाने से नाराज व्यापारियों ने तहसील परिसर में अनिश्चितकालीन आमरण अनशन शुरू कर दिया है। आंदोलन में केदारनाथ यात्रा से जुड़े बड़ी संख्या में व्यापारी शामिल हो गए हैं, जिससे प्रशासन पर दबाव बढ़ता नजर आ रहा है।

व्यापारियों का कहना है कि प्रशासन उनकी लंबे समय से चली आ रही मांगों की लगातार अनदेखी कर रहा है, जिससे उनके सामने आजीविका का संकट खड़ा हो गया है। उनका आरोप है कि वर्ष 2024 में गुप्तकाशी में आयोजित एक जनसभा के दौरान मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने पांच वर्षों तक दुकानों के संचालन को यथावत बनाए रखने का आश्वासन दिया था। इसके बावजूद हाल ही में जिला प्रशासन ने कच्ची दुकानों के आवंटन के लिए लॉटरी प्रणाली लागू करने का निर्णय लिया, जिसे व्यापारी अपने अधिकारों के खिलाफ बता रहे हैं।

आंदोलनरत व्यापारियों ने स्पष्ट चेतावनी दी है कि जब तक निविदा प्रक्रिया को निरस्त नहीं किया जाता, तब तक उनका आमरण अनशन जारी रहेगा। उनका कहना है कि कच्ची दुकानें उनके परिवारों की आजीविका का मुख्य आधार हैं और इससे वंचित होने पर उन्हें गंभीर आर्थिक संकट का सामना करना पड़ेगा।

इस आंदोलन को क्षेत्र पंचायत प्रमुख पंकज शुक्ला और व्यापार संघ अध्यक्ष राजीव भट्ट का भी समर्थन मिला है। दोनों नेताओं ने अनशन स्थल पर पहुंचकर व्यापारियों की मांगों को जायज बताते हुए प्रशासन से जल्द समाधान निकालने की अपील की। उन्होंने कहा कि स्थानीय लोगों की उपेक्षा किसी भी स्थिति में स्वीकार नहीं की जाएगी और जरूरत पड़ने पर आंदोलन को और व्यापक रूप दिया जाएगा।

व्यापारियों ने जिलाधिकारी से मामले में हस्तक्षेप कर न्यायपूर्ण निर्णय लेने की मांग की है। आमरण अनशन के पहले दिन संदीप पुष्वाण, वीरेन्द्र सिंह कोटवाल, जसवंत सिंह बिष्ट, यशपाल सिंह पंवार, जसपाल सिंह पंवार, चंद्र मोहन सिंह चौहान और प्रेम सिंह रावत अनशन पर बैठे। इस दौरान सुनील भट्ट, विजेंद्र राणा, सुषमा, यशवीर सिंह रावत, महेंद्र सिंह रावत और महिपाल सिंह पुष्वाण सहित कई व्यापारी मौके पर मौजूद रहे।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

You may have missed