WhatsApp के नए User ID फीचर पर सरकार की नजर, डिजिटल फ्रॉड की आशंका के चलते Meta को भेजा जा सकता है नोटिस
नई दिल्ली। WhatsApp के प्रस्तावित User ID (यूजरनेम) फीचर को लेकर केंद्र सरकार सतर्क हो गई है। सूत्रों के अनुसार, सरकार इस फीचर की समीक्षा कर रही है और डिजिटल धोखाधड़ी तथा फर्जी पहचान (Impersonation) के बढ़ते खतरे को देखते हुए Meta को नोटिस भेजने पर भी विचार किया जा सकता है।
जानकारी के मुताबिक, WhatsApp का नया यूजरनेम फीचर उपयोगकर्ताओं को बिना मोबाइल नंबर साझा किए बातचीत करने की सुविधा देगा। हालांकि, सरकार को आशंका है कि इस सुविधा का दुरुपयोग कर कोई व्यक्ति सरकारी एजेंसियों, संस्थानों या अन्य लोगों से मिलते-जुलते यूजरनेम बनाकर लोगों को धोखा दे सकता है।
सूत्रों का कहना है कि सरकार इस फीचर से जुड़े सभी संभावित सुरक्षा और साइबर जोखिमों का आकलन कर रही है। यदि इसमें राष्ट्रीय सुरक्षा, सार्वजनिक सुरक्षा या डिजिटल सुरक्षा से जुड़ी कोई गंभीर चिंता सामने आती है, तो आवश्यक कदम उठाए जाएंगे।
WhatsApp की पैरेंट कंपनी Meta ने हाल ही में घोषणा की है कि यूजर्स अब अपने पसंदीदा यूजरनेम रिजर्व कर सकते हैं। कंपनी के अनुसार, यह फीचर वर्ष 2026 के अंत तक सभी उपयोगकर्ताओं के लिए उपलब्ध कराया जाएगा। इसका उद्देश्य ग्रुप चैट और नए संपर्कों के साथ बातचीत के दौरान मोबाइल नंबर साझा किए बिना सुरक्षित संवाद की सुविधा देना है। फिलहाल सरकार की ओर से इस संबंध में कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया गया है, लेकिन मामले पर नजर रखी जा रही है।
